शामली एनकाउंटर में एक लाख का इनामी फुरकान ढेर, कई संगीन मामलों में था वांटेड
उत्तर प्रदेश के शामली में पुलिस मुठभेड़ के दौरान एक लाख रुपये का इनामी बदमाश फुरकान मारा गया। उस पर हत्या, रंगदारी समेत कई गंभीर मामले दर्ज थे। पुलिस ने मौके से हथियार भी बरामद किए।
उत्तर प्रदेश के शामली जिले में पुलिस ने एक बड़े ऑपरेशन के दौरान लंबे समय से फरार चल रहे एक लाख रुपये के इनामी अपराधी फुरकान को मुठभेड़ में मार गिराया। पुलिस के मुताबिक, आरोपी को पकड़ने की कोशिश के दौरान उसने पुलिस दल पर गोलियां चला दीं, जिसके बाद जवाबी कार्रवाई की गई। इस दौरान एक पुलिसकर्मी घायल हो गया, जबकि अन्य जवान बुलेटप्रूफ जैकेट की वजह से सुरक्षित बच गए। घटना के बाद पूरे इलाके में तलाशी अभियान तेज कर दिया गया है।
गुप्त सूचना के बाद बिछाया गया जाल
पुलिस को सूचना मिली थी कि वांटेड अपराधी अपने एक साथी के साथ इलाके में आने वाला है। सूचना के आधार पर पुलिस ने पहले से ही घेराबंदी कर निगरानी शुरू कर दी।
जैसे ही संदिग्धों को रोकने का प्रयास किया गया, उन्होंने पुलिस टीम पर अंधाधुंध फायरिंग शुरू कर दी। इसके बाद पुलिस ने आत्मरक्षा में जवाबी कार्रवाई की, जिसमें फुरकान गंभीर रूप से घायल हो गया।
एक पुलिसकर्मी घायल, दो जवान बाल-बाल बचे
मुठभेड़ के दौरान चली गोलियों में एक पुलिसकर्मी के पेट में गोली लगी, जिसके बाद उसे तुरंत अस्पताल पहुंचाया गया। डॉक्टरों की निगरानी में उसका इलाज जारी है।
घटना के दौरान दो अन्य पुलिसकर्मियों की बुलेटप्रूफ जैकेट पर भी गोलियां लगीं। सुरक्षा उपकरणों के कारण उनकी जान बच गई और वे सुरक्षित रहे।
लंबे समय से पुलिस की रडार पर था आरोपी
फुरकान काफी समय से फरार चल रहा था और उसकी गिरफ्तारी के लिए लगातार अभियान चलाया जा रहा था। उस पर एक लाख रुपये का इनाम भी घोषित किया गया था।
पुलिस रिकॉर्ड के अनुसार उसके खिलाफ हत्या, रंगदारी, लूट, जानलेवा हमला और अन्य गंभीर अपराधों सहित तीन दर्जन के करीब मामले दर्ज थे। वह लंबे समय से कानून प्रवर्तन एजेंसियों के लिए बड़ी चुनौती बना हुआ था।
पुराने चर्चित मामलों में भी जुड़ा रहा नाम
जांच एजेंसियों के अनुसार फुरकान का नाम उन घटनाओं में भी सामने आया था, जिनमें व्यापारियों को धमकाने और रंगदारी वसूलने के आरोप लगे थे।
पुलिस का दावा है कि उसके खिलाफ कई शिकायतें दर्ज हुई थीं और स्थानीय कारोबारियों में उसके नाम से डर का माहौल बना रहता था। यही वजह थी कि उसकी गिरफ्तारी पुलिस की प्राथमिकता बनी हुई थी।
घटनास्थल से हथियार और कारतूस बरामद
मुठभेड़ के बाद पुलिस ने मौके से कई हथियार, कारतूस और अन्य संदिग्ध सामग्री बरामद की है। बरामद सामान को फोरेंसिक जांच के लिए भेजा गया है।
अधिकारियों का कहना है कि फुरकान का एक साथी मौके का फायदा उठाकर फरार हो गया। उसकी तलाश के लिए आसपास के इलाकों में सघन सर्च ऑपरेशन चलाया जा रहा है।
पुलिस अब केवल मुठभेड़ तक सीमित नहीं रहना चाहती। अधिकारियों ने पूरे आपराधिक नेटवर्क की जांच शुरू कर दी है। यह पता लगाया जा रहा है कि आरोपी किन लोगों के संपर्क में था, उसे आर्थिक और अन्य प्रकार की मदद कौन उपलब्ध कराता था तथा उसके गिरोह के सक्रिय सदस्य कहां मौजूद हैं।
अभियान आगे भी रहेगा जारी
पुलिस अधिकारियों का कहना है कि संगठित अपराध के खिलाफ अभियान लगातार जारी रहेगा और फरार अपराधियों के खिलाफ इसी तरह की कार्रवाई आगे भी की जाएगी।
प्रशासन का मानना है कि इस कार्रवाई से सक्रिय आपराधिक गिरोहों को बड़ा झटका लगा है। साथ ही कानून-व्यवस्था मजबूत करने और आम लोगों में सुरक्षा का भरोसा बढ़ाने की दिशा में इसे महत्वपूर्ण सफलता माना जा रहा है।



