Politics: E20 के खिलाफ केजरीवाल का आंदोलन, PM से बड़ी मांग
शिक्षा मंत्री के इस्तीफे के बाद आम आदमी पार्टी के राष्ट्रीय संयोजक अरविंद केजरीवाल ने अब पेट्रोल में 20 फीसदी इथेनॉल (E20) मिश्रण के मुद्दे पर केंद्र सरकार के खिलाफ नया अभियान शुरू करने का ऐलान किया है। उन्होंने इस मुद्दे पर प्रधानमंत्री से हस्तक्षेप की अपील की है।
सोमवार को आयोजित प्रेस कॉन्फ्रेंस में अरविंद केजरीवाल ने कहा कि शिक्षा मंत्री के इस्तीफे के बाद अब सरकार को E20 से जुड़ी लोगों की परेशानियों का भी समाधान करना चाहिए। उन्होंने दावा किया कि E20 की वजह से लोगों की गाड़ियों पर असर पड़ रहा है और माइलेज भी कम हो रही है।
PM से समाधान की अपील
केजरीवाल ने कहा कि देश के युवाओं ने अपनी आवाज से सरकार को झुकने पर मजबूर किया। उन्होंने प्रधानमंत्री से अपील करते हुए कहा कि E20 के मुद्दे का भी जल्द समाधान किया जाए, ताकि यह बड़ा जनआंदोलन बनने से पहले ही लोगों की चिंताओं का समाधान हो सके।
1 अगस्त को होगा ‘नेशनल टाउनहॉल अगेंस्ट E20’
आम आदमी पार्टी ने 1 अगस्त को दिल्ली में ‘नेशनल टाउनहॉल अगेंस्ट E20’ आयोजित करने की घोषणा की है। यह कार्यक्रम दोपहर 12 बजे शुरू होगा। दिल्ली और आसपास के लोगों से कॉन्स्टिट्यूशन क्लब में सुबह 11:30 बजे तक पहुंचने की अपील की गई है।
ऑनलाइन भी जुड़ सकेंगे लोग
दिल्ली से बाहर रहने वाले लोगों के लिए भी ऑनलाइन जुड़ने की व्यवस्था की गई है। केजरीवाल ने 8588833212 नंबर जारी करते हुए कहा कि इच्छुक लोग इस नंबर पर व्हाट्सएप संदेश भेजें। कार्यक्रम से पहले उन्हें ऑनलाइन जुड़ने के लिए लिंक उपलब्ध कराया जाएगा।
विशेषज्ञों और प्रभावित लोगों को मिलेगा मंच
केजरीवाल ने कहा कि टाउनहॉल में E20 से जुड़े विशेषज्ञों और इस नीति से प्रभावित लोगों को अपनी बात रखने का अवसर दिया जाएगा। कार्यक्रम के दौरान आगे की रणनीति भी तय की जाएगी।
PM आवास तक ले जाएंगे लोगों की चिट्ठियां
केजरीवाल ने बताया कि E20 के विरोध में शुरू की गई ऑनलाइन याचिका पर अब तक 2 लाख से अधिक लोग अपनी चिट्ठियां भेज चुके हैं। उन्होंने कहा कि टाउनहॉल के बाद वह इन चिट्ठियों को लेकर प्रधानमंत्री के आवास जाएंगे।
आंदोलन को आगे बढ़ाने के संकेत
देशव्यापी विरोध प्रदर्शन के सवाल पर केजरीवाल ने कहा कि यह सिर्फ शुरुआत है और आगे की रणनीति टाउनहॉल के बाद तय की जाएगी। फिलहाल उनका फोकस लोगों की राय एकत्र करने और इस मुद्दे पर व्यापक चर्चा कराने पर है।



